पंचकूला। दशहरे से पहले रावण दहन की तैयारियों को लेकर पंचकूला में विवाद खड़ा हो गया है। यहां 100-100 फीट ऊंचे तीन रावण के पुतले बनाने का ठेका लेने वाले व्यक्ति पर काम अधूरा छोड़कर चले जाने का आरोप लगा है। पुतले समय पर तैयार नहीं होने से दशहरा आयोजकों की चिंता बढ़ गई है। आयोजकों ने मामले को लेकर पुलिस में शिकायत दी है और करीब 20 लाख रुपये के संभावित नुकसान की आशंका जताई है।
डेढ़ लाख रुपये लेने के बाद काम अधूरा छोड़ने का आरोप
जानकारी के मुताबिक, एक ठेकेदार को तीनों रावण के पुतले तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इसके लिए आयोजकों ने उसे डेढ़ लाख रुपये दिए थे। आयोजकों का आरोप है कि तय समय सीमा तक पुतले तैयार नहीं किए गए और ठेकेदार काम बीच में छोड़कर चला गया।
दशहरे का पर्व नजदीक होने के कारण आयोजकों के पास अब बहुत कम समय बचा है। ऐसे में अधूरे पुतलों को समय पर तैयार करवाना या वैकल्पिक व्यवस्था करना उनके लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
दशहरा कार्यक्रम पर मंडराया संकट, 20 लाख के नुकसान की आशंका
तीनों पुतलों का निर्माण अधूरा रहने से दशहरा समारोह की तैयारियां प्रभावित होने की आशंका है। आयोजकों को चिंता है कि यदि समय रहते पुतले तैयार नहीं हुए, तो रावण दहन कार्यक्रम की व्यवस्था बिगड़ सकती है।
आयोजकों के अनुसार, इस पूरे मामले में करीब 20 लाख रुपये तक का आर्थिक नुकसान होने की आशंका है। हालांकि, वास्तविक नुकसान कितना होगा, यह आगे की परिस्थितियों और पुतलों का काम पूरा होने पर निर्भर करेगा।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर दर्ज किया मामला
सेक्टर-5 थाना प्रभारी संदीप कुमार के अनुसार, आयोजकों की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और मामले से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।
जांच के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि पुतले बनाने के लिए क्या शर्तें तय हुई थीं, ठेकेदार ने कितना काम पूरा किया और काम अधूरा छोड़ने के पीछे क्या कारण रहे।
दशहरे से ठीक पहले सामने आए इस विवाद ने आयोजकों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। अब उनके सामने सबसे बड़ी चुनौती कम समय में तीनों पुतलों का निर्माण पूरा करवाकर दशहरा कार्यक्रम को निर्धारित योजना के अनुसार संपन्न कराने की है।


