Sports News: 2026 एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय टीम अब वेस्टइंडीज के खिलाफ टी20 सीरीज में दम दिखाने के लिए तैयार है। दोनों टीमों के बीच पहला टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला मंगलवार, 6 अक्टूबर को खेला जाएगा। इस मैच से पहले भारतीय टीम मैनेजमेंट के सामने सबसे बड़ा सवाल प्लेइंग इलेवन को लेकर है। खासतौर पर संजू सैमसन और युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी में से किसे मौका दिया जाए, इस पर नजरें टिकी हैं।
एशियन गेम्स में टीम के कोच वीवीएस लक्ष्मण थे और उन्होंने संजू सैमसन तथा वैभव सूर्यवंशी दोनों को अंतिम एकादश में शामिल किया था। हालांकि, अब टीम की कमान मुख्य कोच गौतम गंभीर के हाथों में है और ऐसे में टीम संयोजन में बदलाव की संभावना है। गंभीर की रणनीति को देखते हुए दोनों खिलाड़ियों का एक साथ प्लेइंग इलेवन में होना मुश्किल नजर आ रहा है।
सैमसन या सूर्यवंशी, किसे मिलेगा मौका?
एशियन गेम्स के दौरान खराब पिच को देखते हुए भारत ने वैभव सूर्यवंशी और अभिषेक शर्मा से पारी की शुरुआत कराई थी, जबकि संजू सैमसन तीसरे नंबर पर उतरे थे। लेकिन अब परिस्थितियां अलग हैं। लखनऊ के इकाना स्टेडियम की पिच को ध्यान में रखते हुए गंभीर संजू सैमसन को एक बार फिर ओपनिंग की जिम्मेदारी दे सकते हैं।
सैमसन ने सलामी बल्लेबाज के रूप में हालिया घरेलू टी20 सीरीज में अच्छा प्रदर्शन किया था। अफगानिस्तान के खिलाफ पिछली टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज में उन्होंने दो अर्धशतक लगाए थे। वहीं, नंबर तीन पर बल्लेबाजी करते हुए वह उतने सहज नजर नहीं आए हैं।
भारतीय मध्यक्रम में पहले ही कप्तान श्रेयस अय्यर, ईशान किशन, उपकप्तान तिलक वर्मा, शिवम दुबे, नीतीश कुमार रेड्डी और अक्षर पटेल जैसे विकल्प मौजूद हैं। ऐसे में सूर्यवंशी और सैमसन दोनों को एक साथ अंतिम एकादश में शामिल करना टीम संयोजन के लिहाज से मुश्किल हो सकता है।
गेंदबाजी भी गंभीर के लिए चुनौती
भारतीय टीम के तेज गेंदबाजी विभाग में भी ज्यादा अनुभव नहीं है। अनुभवी अर्शदीप सिंह के साथ मयंक यादव और प्रिंस यादव जैसे युवा तेज गेंदबाज विकल्प के तौर पर मौजूद हैं। स्पिन विभाग में अक्षर पटेल और कुलदीप यादव पर बड़ी जिम्मेदारी होगी।
अगर टीम मैनेजमेंट बल्लेबाजी को और मजबूत करना चाहता है तो नमन धीर को किसी तेज गेंदबाज की जगह प्लेइंग इलेवन में शामिल किया जा सकता है। इसके अलावा यह भी देखना दिलचस्प होगा कि कप्तान श्रेयस अय्यर जरूरत पड़ने पर अभिषेक शर्मा की बाएं हाथ की स्पिन का इस्तेमाल करते हैं या नहीं। एशियन गेम्स में अभिषेक ने गेंद से भी अपनी उपयोगिता साबित की थी।
वेस्टइंडीज को हल्के में लेना बड़ी भूल
इस सीरीज में श्रेयस अय्यर की कप्तानी की भी परीक्षा होगी। भारत के सामने वेस्टइंडीज जैसी मजबूत टी20 टीम है, जो 2012 और 2016 में दो बार टी20 विश्व कप का खिताब जीत चुकी है।
वेस्टइंडीज के पास रोमारियो शेफर्ड, रोवमैन पॉवेल, शिमरोन हेटमायर, शेरफेन रदरफोर्ड और रोस्टन चेज जैसे अनुभवी खिलाड़ी हैं। भारतीय परिस्थितियों में आईपीएल खेलने का अनुभव भी कैरेबियाई खिलाड़ियों के लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकता है।
वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी का दारोमदार शाई होप, हेटमायर, पॉवेल और रदरफोर्ड पर रहेगा। वहीं ऑलराउंडर के तौर पर रोस्टन चेज, कीमो पॉल, पॉवेल और शेफर्ड टीम को संतुलन देते हैं। गेंदबाजी में अकील हुसैन, शमर जोसेफ, गुडाकेश मोती और चेज अहम भूमिका निभा सकते हैं।
आंकड़ों की बात करें तो भारत का पलड़ा भारी है। घरेलू मैदान पर खेले गए पिछले 10 टी20 मुकाबलों में भारत ने वेस्टइंडीज को नौ बार हराया है। हालांकि, टी20 क्रिकेट में वेस्टइंडीज की आक्रामक शैली को देखते हुए भारतीय टीम को पहले मुकाबले में भी पूरी तैयारी के साथ उतरना होगा।
दोनों टीमों का स्क्वाड
भारत: श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा (उपकप्तान), अभिषेक शर्मा, अर्शदीप सिंह, शिवम दुबे, ईशान किशन, नमन धीर, कुलदीप यादव, नीतीश कुमार रेड्डी, अक्षर पटेल, प्रिंस यादव, रवि बिश्नोई, संजू सैमसन (विकेटकीपर), वैभव सूर्यवंशी, मयंक यादव।
वेस्टइंडीज: शाई होप (कप्तान, विकेटकीपर), ज्वेल एंड्रयू, रोस्टन चेज, मैथ्यू फोर्डे, शिमरोन हेटमायर, अकील हुसैन, शमर जोसेफ, गुडाकेश मोती, कीमो पॉल, कामिल पूरन, रोवमैन पॉवेल, शेरफेन रदरफोर्ड, क्वेंटिन सैम्पसन, रोमारियो शेफर्ड, शमर स्प्रिंगर।


