ह्यूस्टन: फीफा विश्व कप 2026 के ग्रुप-के (Group-K) मुकाबले में एक बेहद चौंकाने वाला परिणाम सामने आया है। खिताब की मजबूत दावेदार मानी जा रही पुर्तगाल की स्टार-स्टैडेड टीम को डीआर कांगो (DR Congo) ने 1-1 की बराबरी पर रोककर बड़ा उलटफेर कर दिया। पुर्तगाल के महान फुटबॉलर क्रिस्टियानो रोनाल्डो के लिए टूर्नामेंट का यह पहला मैच बेहद निराशाजनक रहा, जहाँ वह गोल करने के लिए संघर्ष करते नजर आए।
मैच का घटनाक्रम: शुरुआती बढ़त के बाद फिसला पुर्तगाल
रॉबर्टो मार्टिनेज के कोच रहते हुए पुर्तगाल ने मैदान पर बेहद आक्रामक शुरुआत की थी। मैच के शुरुआती मिनटों में ही युवा मिडफील्डर जोआओ नेवेस ने एक शानदार गोल दागकर पुर्तगाल को 1-0 की बढ़त दिला दी। इस शुरुआत को देखकर लग रहा था कि पुर्तगाल यह मैच आसानी से जीत जाएगा।
हालांकि, डीआर कांगो ने हार नहीं मानी और मैच में जोरदार वापसी की। हाफ-टाइम की सीटी बजने से ठीक पहले कांगो के योन विसा ने एक बेहतरीन मैदानी गोल दागकर स्कोर को 1-1 की बराबरी पर ला खड़ा किया, जो मैच के अंत तक बरकरार रहा।
क्रिस्टियानो रोनाल्डो के खराब आंकड़े
41 वर्षीय क्रिस्टियानो रोनाल्डो के लिए यह मुकाबला किसी बुरे सपने से कम नहीं था। मैदान पर उनकी बेबसी इन आंकड़ों से साफ समझी जा सकती है:
-
गेंद के लिए तरसे: पूरे मैच के दौरान रोनाल्डो केवल 25 बार ही गेंद को टच (Touch) कर सके।
-
गोल का सूखा बरकरार: इस मैच को मिलाकर रोनाल्डो पिछले 10 बड़े इंटरनेशनल मुकाबलों से एक भी गोल नहीं कर पाए हैं।
-
रिकॉर्ड का इंतजार: छह अलग-अलग फुटबॉल वर्ल्ड कप में गोल दागने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बनने का उनका सपना अभी और लंबा खिंच गया है।
मैदान पर गूंजा ‘मेसी-मेसी’ का नारा, रोनाल्डो ने जीता दिल
मैच का परिणाम सामने आते ही डीआर कांगो के प्रशंसकों ने मैदान से बाहर जा रहे क्रिस्टियानो रोनाल्डो को चिढ़ाने के लिए “मेसी-मेसी” के नारे लगाने शुरू कर दिए। हालांकि, रोनाल्डो ने इस हूटिंग पर कोई गुस्सा नहीं दिखाया और गजब का संयम बनाए रखा। टनल की ओर बढ़ते हुए उन्होंने मैदान पर दौड़कर आए अपने एक प्रशंसक (Fan) को गले लगाया और सभी का दिल जीत लिया।
मेसी बनाम रोनाल्डो: फैंस के बीच फिर छिड़ी बहस
जहाँ एक तरफ रोनाल्डो अपने पहले मैच में जूझते दिखे, वहीं ठीक एक दिन पहले अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी ने अल्जीरिया के खिलाफ 3-0 की जीत में धमाकेदार हैट्रिक जमाई थी। साल 2022 के कतर वर्ल्ड कप (जहाँ मेसी चैंपियन बने थे और रोनाल्डो को बेंच पर बैठना पड़ा था) की तरह इस बार भी दोनों दिग्गजों की शुरुआत ने फुटबॉल प्रेमियों के बीच एक नई बहस को जन्म दे दिया है।