चंडीगढ़: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा है कि राज्य सरकार की ‘बिना पर्ची, बिना खर्ची’ नीति ने प्रदेश में सरकारी नौकरियों की व्यवस्था में ऐतिहासिक बदलाव किया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और मेरिट आधारित बनाया गया है, जिससे अब गरीब परिवारों के बच्चे भी अपनी योग्यता और मेहनत के दम पर सरकारी नौकरी पा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले भर्तियों में सिफारिश और भ्रष्टाचार का बोलबाला था, लेकिन वर्तमान सरकार ने इस व्यवस्था को समाप्त कर निष्पक्षता और जवाबदेही तय की है। अब युवाओं को किसी आर्थिक प्रभाव या सिफारिश की जरूरत नहीं है; उनकी परीक्षा का प्रदर्शन और प्रतिभा ही चयन का एकमात्र आधार है।
अन्त्योदय की भावना का उल्लेख करते हुए सीएम सैनी ने कहा कि सरकार का मुख्य ध्येय हर योग्य युवा को समान अवसर प्रदान करना है। इसके लिए शिक्षा, कौशल विकास और पारदर्शी रोजगार के अवसर लगातार दिए जा रहे हैं। उन्होंने प्रदेश के युवाओं से आह्वान किया कि वे पूरी लगन से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करें, क्योंकि अब सफलता की कुंजी सिर्फ और सिर्फ उनका परिश्रम ही है।


