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जालंधर पहुंची CM मान की ‘शुक्राना यात्रा’: दूसरे दिन भारी सुरक्षा, धार्मिक सम्मान और जनभावनाओं का संगम

जालंधर: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की तीन दिवसीय ‘शुक्राना यात्रा’ आज अपने दूसरे दिन जालंधर पहुंच चुकी है। हाल ही में पारित हुए ‘जगत ज्योत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) अधिनियम, 2026’ की खुशी और धन्यवाद प्रकट करने के लिए आयोजित इस यात्रा को लेकर शहर में व्यापक इंतजाम किए गए हैं।

वरिंदर सिंह घुमन पार्क से हुई शुरुआत

जालंधर में यात्रा का आगाज़ जालंधर सेंट्रल के वरिंदर सिंह घुमन पार्क (पूर्व नाम: डीसी पार्क) से हुआ। सरकार इस यात्रा के माध्यम से धार्मिक मर्यादा और जनभावनाओं के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को प्रदर्शित कर रही है। आम आदमी पार्टी के नेताओं का कहना है कि बेअदबी के मामलों पर कड़ा कानून बनाकर सरकार ने जनता की एक पुरानी और बड़ी मांग को पूरा किया है।

प्रशासनिक सतर्कता और सुरक्षा के कड़े पहरे

मुख्यमंत्री की यात्रा और जनसभा को देखते हुए जालंधर प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है:

  • समीक्षा बैठक: डिप्टी कमिश्नर वरजीत वालिया और पुलिस कमिश्नर धनप्रीत कौर ने स्वयं आयोजन स्थल का निरीक्षण किया।

  • सुरक्षा चक्र: संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और सीसीटीवी के जरिए निगरानी रखी जा रही है।

  • ट्रैफिक व्यवस्था: आम जनता की सुविधा के लिए विशेष ट्रैफिक डायवर्जन प्लान लागू किया गया है ताकि यात्रा के दौरान सड़कों पर जाम की स्थिति न बने।

राजनीतिक नहीं, श्रद्धा का संदेश

‘आप’ के जालंधर सेंट्रल प्रभारी नितिन कोहली के अनुसार, यह यात्रा राजनीतिक लाभ के लिए नहीं बल्कि गुरु साहिबानों के प्रति श्रद्धा और विश्वास का प्रतीक है। मुख्यमंत्री भगवंत मान अपनी जनसभाओं के दौरान सरकार की उपलब्धियों, विशेष रूप से धार्मिक सम्मान बनाए रखने के लिए उठाए गए कदमों और जनहितैषी नीतियों पर चर्चा कर रहे हैं।

शुक्राना यात्रा का 3 दिवसीय रूट मैप

यह यात्रा तीन दिनों में पंजाब के विभिन्न हिस्सों को कवर कर रही है:

  1. पहला दिन (संपन्न): श्री आनंदपुर साहिब से शुरू होकर रूपनगर, बलाचौर, बंगा और फगवाड़ा तक।

  2. दूसरा दिन (आज): जालंधर से शुरू होकर अमृतसर, तरनतारन और फरीदकोट समेत कई प्रमुख शहर।

  3. तीसरा दिन (कल): बठिंडा, मानसा, संगरूर और पटियाला होते हुए श्री फतेहगढ़ साहिब में समापन।

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