हिसार। हरियाणा में मौसम का मिजाज अब धीरे-धीरे बदलने लगा है। हालांकि दिन के समय गर्मी अभी भी अपना असर दिखा रही है, लेकिन सुबह और शाम के वक्त हवा में हल्की ठंडक महसूस होने लगी है। दिन और रात के तापमान में बढ़ते अंतर के चलते प्रदेश में गुलाबी ठंड की दस्तक के संकेत मिलने लगे हैं।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले दिनों में मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ सकती हैं। प्रदेश में मानसून की वापसी की प्रक्रिया भी आगे बढ़ रही है, जिसके चलते बारिश की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है।
रोहतक रहा प्रदेश में सबसे गर्म
हरियाणा के औसत अधिकतम तापमान में करीब 0.6 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। बुधवार को रोहतक 36.9 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ प्रदेश का सबसे गर्म स्थान रहा। वहीं गुरुग्राम में 36.4 और फरीदाबाद में 35.9 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान दर्ज किया गया।
दूसरी ओर रात के तापमान में मामूली गिरावट देखने को मिली है। करनाल के AWS में न्यूनतम तापमान 22.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा।
रात का तापमान गिरा, सुबह महसूस होने लगी ठंडक
प्रदेश के कई जिलों में न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया है। पंचकूला में 22.4, यमुनानगर में 22.5 तथा अंबाला और रेवाड़ी में 22.8 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया।
तापमान में आए इस बदलाव का असर सुबह के समय साफ महसूस होने लगा है। आने वाले दिनों में दिन और रात के तापमान में अंतर और बढ़ सकता है। इससे सुबह और शाम ठंडक बढ़ने की संभावना है, जबकि दोपहर के समय गर्मी बनी रह सकती है।
हवाओं का बदलेगा रुख, कमजोर पड़ सकता है मानसून
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के अध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ के अनुसार मानसून की वापसी की प्रक्रिया लगातार आगे बढ़ रही है। 19 सितंबर तक मानसून वापसी की रेखा राजस्थान के रामगढ़, मोहनगढ़, फलोदी और खाजूवाला तक पहुंच चुकी थी।
राजस्थान के ऊपर एंटीसाइक्लोन बनने के कारण आने वाले दिनों में हवाओं की दिशा में बदलाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल प्रदेश में पुरवाई हवाओं का प्रभाव है, लेकिन आगे पश्चिमी हवाएं सक्रिय होने की संभावना है। इसके साथ ही मानसून टर्फ के दक्षिण की ओर खिसकने का अनुमान है।
हवाओं के रुख में इस बदलाव का असर हरियाणा के मौसम पर भी पड़ेगा और प्रदेश में मानसूनी गतिविधियां कमजोर होने के साथ बारिश की संभावना कम हो सकती है।
25 सितंबर तक मानसून की पूरी तरह विदाई संभव
हरियाणा में दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी शुरू हो चुकी है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार 18 सितंबर से पंजाब और हरियाणा में मानसून की विदाई के संकेत दिखाई देने लगे हैं। मानसून वापसी की रेखा हिसार या सिरसा के आसपास से गुजरने की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक 25 सितंबर तक पूरे हरियाणा से मानसून की विदाई हो सकती है। इसके बाद प्रदेश में मौसम के बदलाव की रफ्तार बढ़ने और बारिश की गतिविधियों में और कमी आने की संभावना है।
आगे कैसा रहेगा मौसम?
- सुबह और शाम हल्की ठंडक बढ़ सकती है।
- दोपहर के समय गर्मी का असर अभी बना रहेगा।
- मानसूनी गतिविधियां धीरे-धीरे कमजोर होने की संभावना है।
- पश्चिमी हवाओं का प्रभाव बढ़ सकता है।
- करीब 25 सितंबर तक मानसून की हरियाणा से पूरी तरह विदाई संभव है।


