स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट में ‘फिनिशर’ की तलाश अब रिंकू सिंह पर आकर खत्म होती दिख रही है। उत्तर प्रदेश के एक छोटे से शहर से निकलकर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी धाक जमाने वाले रिंकू सिंह ने न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के पहले ही मैच में अपनी तूफानी बल्लेबाजी से सबको चकित कर दिया है। टी20 विश्व कप 2026 की तैयारियों के लिहाज से रिंकू का यह प्रदर्शन भारत के लिए बड़ी राहत लेकर आया है।
धोनी की बराबरी, पर रफ्तार है बेमिसाल
नागपुर में खेले गए पहले टी20 मुकाबले में रिंकू सिंह ने कीवी गेंदबाजों की धज्जियां उड़ाते हुए मात्र 20 गेंदों पर नाबाद 44 रन की पारी खेली। इस पारी में उन्होंने 4 चौके और 3 गगनचुंबी छक्के जड़े। इस मैच के आखिरी ओवर (20वें ओवर) में रिंकू ने 2 छक्के लगाए, जिसके साथ ही उन्होंने महान फिनिशर महेंद्र सिंह धोनी के एक बड़े रिकॉर्ड की बराबरी कर ली।
रिंकू सिंह अब भारत की ओर से टी20 अंतरराष्ट्रीय के 20वें ओवर में सबसे ज्यादा छक्के लगाने वाले बल्लेबाजों की सूची में संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर आ गए हैं।
| खिलाड़ी का नाम | 20वें ओवर में छक्के | गेंदें (सामना किया) |
| हार्दिक पांड्या | 15 | 99 |
| रिंकू सिंह | 12 | 38 |
| एमएस धोनी | 12 | 132 |
| सूर्यकुमार यादव | 11 | 28 |
हैरान करने वाला आंकड़ा: जहाँ एमएस धोनी ने 12 छक्के लगाने के लिए 132 गेंदों का सामना किया था, वहीं रिंकू ने यह कारनामा मात्र 38 गेंदों में कर दिखाया। उनकी यह स्ट्राइक रेट दर्शाती है कि वे मौजूदा दौर के सबसे घातक फिनिशर क्यों माने जा रहे हैं।
पूर्व दिग्गजों ने मैनेजमेंट को घेरा
रिंकू सिंह की इस काबिलियत को देखते हुए न्यूजीलैंड के पूर्व तेज गेंदबाज और कमेंटेटर साइमन डुल ने भारतीय टीम मैनेजमेंट की रणनीति पर सवाल उठाए हैं। डुल का मानना है कि रिंकू जैसे प्रतिभाशाली खिलाड़ी का इस्तेमाल करने में भारत ने देरी की है। उन्होंने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “रिंकू सिंह अब तक कम से कम 100 मैच खेल चुके होने चाहिए थे।” डुल के अनुसार, रिंकू के पास खेल को खत्म करने की जो स्वाभाविक क्षमता है, उसका सही लाभ टीम इंडिया को बहुत पहले से उठाना चाहिए था।
विश्व कप 2026 के लिए बढ़ी उम्मीदें
20वें ओवर में हार्दिक पांड्या के 15 छक्कों के रिकॉर्ड से रिंकू अब मात्र 3 कदम दूर हैं। जिस फॉर्म में वे चल रहे हैं, उसे देखकर यह कहना गलत नहीं होगा कि आगामी मैचों में वे नंबर-1 की गद्दी पर काबिज हो जाएंगे। टीम इंडिया के लिए रिंकू का यह फॉर्म विश्व कप की दहलीज पर एक शुभ संकेत है।
