चंडीगढ़, 27 अगस्त 2026: पंजाब यूनिवर्सिटी कैंपस में होने वाले छात्र चुनाव से पहले कथित धमकी भरे फोन कॉल्स को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। ASAP ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर छात्रों, रिसर्च स्कॉलर्स, प्रोफेसरों और अपने समर्थकों को कथित तौर पर डराने-धमकाने के मामलों पर गंभीर चिंता जताई है।
सांसद और PUCSC चुनाव प्रभारी गुरमीत सिंह मीत हेयर, विधायक अमृतपाल सिंह सुखानंद, विधायक जगदीप सिंह गोल्डी कंबोज और ASAP के अध्यक्ष पद के उम्मीदवार आदिल बराड़ ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस मुद्दे को उठाया।
ABVP पर लगाए गंभीर आरोप
ASAP नेताओं ने आरोप लगाया कि चुनाव को प्रभावित करने के लिए ABVP की ओर से कथित तौर पर डर और धमकी का सहारा लिया जा रहा है। उनका दावा है कि कुछ छात्रों, रिसर्च स्कॉलर्स, प्रोफेसरों और ASAP समर्थकों को ABVP के पक्ष में मतदान करने या कैंपस छोड़ने की धमकियां दी जा रही हैं।
नेताओं ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ मामलों में छात्रों को जान से मारने और गोली मारने जैसी गंभीर धमकियां दिए जाने की शिकायत सामने आई है। हालांकि, ये आरोप ASAP की ओर से लगाए गए हैं और इनकी स्वतंत्र पुष्टि का उल्लेख नहीं किया गया है।
रिसर्च स्कॉलर के परिवार को फोन करने का दावा
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हिमाचल प्रदेश के एक रिसर्च स्कॉलर का मामला भी सामने रखा गया। ASAP नेताओं के मुताबिक, कथित धमकी भरी कॉल आने के बाद रिसर्च स्कॉलर के पिता को भी फोन कर धमकाया गया।
इसके अलावा छात्रों पर अकादमिक स्तर पर कथित दबाव बनाए जाने को लेकर भी नेताओं ने चिंता जताई। उनका कहना है कि यूनिवर्सिटी कैंपस में चुनाव प्रक्रिया स्वतंत्र और भयमुक्त माहौल में होनी चाहिए।
‘डरें नहीं, निडर होकर करें मतदान’
मीत हेयर ने छात्रों से अपील की कि वे किसी भी तरह की धमकी या दबाव से न घबराएं। उन्होंने छात्रों से 31 अगस्त को बिना किसी डर के अपने लोकतांत्रिक अधिकार का इस्तेमाल करने और मतदान करने की अपील की।
वहीं, ASAP अध्यक्ष पद के उम्मीदवार आदिल बराड़ ने कहा कि पिछली चुनाव प्रक्रिया के दौरान भी इस तरह के हथकंडों की शिकायतें सामने आई थीं। उनके अनुसार, इस बार कथित तौर पर इनका इस्तेमाल और अधिक खुले तौर पर किया जा रहा है।
तत्काल जांच की मांग
ASAP नेताओं ने कथित धमकी भरी फोन कॉल्स की तत्काल जांच कराने की मांग की है। साथ ही उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से कैंपस में सुरक्षित, स्वतंत्र और भयमुक्त चुनावी माहौल सुनिश्चित करने की अपील की।
ASAP ने छात्रों से भी एकजुट होकर डर और धमकी की राजनीति का विरोध करने तथा बिना किसी दबाव के अपने मताधिकार का इस्तेमाल करने की अपील की है।


