अमृतसर: शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (SGPC) के अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने दिल्ली में पाकिस्तान उच्चायोग के मुख्य अधिकारी शहादत अहमद वराइच से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने नवंबर 2026 में श्री गुरु नानक देव जी के प्रकाश पर्व के अवसर पर पाकिस्तान जाने वाले सिख श्रद्धालुओं को अधिक संख्या में वीजा जारी करने की मांग की। इस संबंध में पाकिस्तान उच्चायोग को एक लिखित पत्र भी सौंपा गया।
प्रतिनिधिमंडल में SGPC सदस्य भाई राजिंदर सिंह मेहता, दिल्ली कमेटी के पूर्व अध्यक्ष परमजीत सिंह सरना, मंजीत सिंह जी.के., SGPC सचिव बलविंदर सिंह कहलवां और मैनेजर राजिंदर सिंह रूबी शामिल रहे।
7500 से ज्यादा श्रद्धालुओं ने जमा किए पासपोर्ट
एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने कहा कि हर सिख की इच्छा होती है कि वह श्री गुरु नानक देव जी के प्रकाश पर्व पर गुरुद्वारा श्री ननकाना साहिब में होने वाले धार्मिक समारोहों में शामिल हो। इसी भावना को देखते हुए उन्होंने पाकिस्तान उच्चायोग से श्रद्धालुओं को उदारतापूर्वक वीजा देने की अपील की।
उन्होंने बताया कि भारत और पाकिस्तान के बीच हुए समझौतों के तहत SGPC हर साल सिख श्रद्धालुओं का जत्था पाकिस्तान भेजती है। आम तौर पर करीब 1800 श्रद्धालुओं को पाकिस्तान जाने के लिए वीजा मिलता है।
हालांकि, इस बार नवंबर 2026 में प्रकाश पर्व के अवसर पर पाकिस्तान जाने के लिए 7500 से ज्यादा सिख श्रद्धालुओं ने SGPC कार्यालय में अपने पासपोर्ट जमा किए हैं।
करतारपुर कॉरिडोर बंद होने से बढ़ी श्रद्धालुओं की इच्छा
SGPC अध्यक्ष ने कहा कि निजी तौर पर आयोजित सिख समूहों को वीजा न मिलने और श्री करतारपुर साहिब कॉरिडोर बंद रहने के कारण ऐतिहासिक गुरुद्वारों के दर्शन की इच्छा रखने वाले श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ी है।
उन्होंने कहा कि 7500 से ज्यादा श्रद्धालुओं का पासपोर्ट जमा करना केवल एक आंकड़ा नहीं है, बल्कि श्री गुरु नानक देव जी और पाकिस्तान में स्थित ऐतिहासिक गुरुद्वारों के प्रति सिख समुदाय की गहरी आस्था और भावनात्मक जुड़ाव को दर्शाता है।
तय कोटे से अलग विशेष व्यवस्था की मांग
एडवोकेट धामी ने पाकिस्तान हाई कमीशन से अपील की कि धार्मिक भावनाओं को ध्यान में रखते हुए SGPC की ओर से भेजे जा रहे 7500 से ज्यादा श्रद्धालुओं के लिए तय कोटे से अलग विशेष वीजा व्यवस्था की जाए।
उन्होंने कहा कि श्रद्धालु धार्मिक आस्था के साथ गुरुद्वारों के दर्शन और गुरु साहिब से जुड़े पवित्र इतिहास से जुड़ने के लिए पाकिस्तान की यात्रा करते हैं। इसलिए पाकिस्तान सरकार और उच्चायोग को इस यात्रा को धार्मिक भावनाओं के संदर्भ में देखना चाहिए।
भारत सरकार से भी हस्तक्षेप की अपील
SGPC अध्यक्ष ने उम्मीद जताई कि पाकिस्तान उच्चायोग सिख समुदाय की भावनाओं को समझते हुए अधिक से अधिक श्रद्धालुओं को वीजा देने का सकारात्मक फैसला करेगा। इससे श्रद्धालु गुरुद्वारा श्री ननकाना साहिब समेत पाकिस्तान में स्थित अन्य ऐतिहासिक गुरुद्वारों के दर्शन कर सकेंगे और प्रकाश पर्व के समारोहों में शामिल हो पाएंगे।
उन्होंने भारत सरकार से भी अपील की कि वह इस मुद्दे को पाकिस्तान सरकार के सामने प्रभावी तरीके से उठाए और सिख श्रद्धालुओं की पाकिस्तान यात्रा को आसान बनाने के लिए आवश्यक कदम उठाए।
इसके साथ ही उन्होंने सरकार से श्री करतारपुर साहिब कॉरिडोर को जल्द दोबारा खोलने की मांग की। मुलाकात के दौरान एडवोकेट धामी ने पाकिस्तान हाई कमीशन के अधिकारियों को सचखंड श्री हरमंदिर साहिब का सुनहरा मॉडल और शॉल भेंट कर सम्मानित भी किया।


