जालंधर के खेल उद्योग के लिए बड़ी खुशखबरी: ‘टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर’ को केंद्र की मंजूरी, 5 जनवरी को होगा MoU पर हस्ताक्षर

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चंडीगढ्/नई दिल्ली: पंजाब सरकार के उद्योग एवं वाणिज्य, निवेश प्रोत्साहन तथा एनआरआई मामलों के माननीय कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा ने 21 जुलाई, 2025 को नई दिल्ली में केंद्रीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) मंत्री जीतन राम मांझी से भेंट कर पंजाब के एमएसएमई पारिस्थितिकी तंत्र को सुदृढ़ करने हेतु तत्काल सहयोग का अनुरोध किया। इस दौरान उन्होंने विशेष रूप से जालंधर में केंद्रित खेल सामग्री उद्योग पर जोर दिया।

बैठक के दौरान संजीव अरोड़ा ने बताया कि पंजाब का खेल सामग्री उद्योग निर्यात की अपार संभावनाओं से युक्त है, किंतु इसे प्रौद्योगिकी उन्नयन, उत्पाद विकास, परीक्षण सुविधाओं तथा वैश्विक गुणवत्ता मानकों के अनुपालन जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने जालंधर में प्रोसेस कम प्रोडक्ट डेवलपमेंट सेंटर (PPDC), मेरठ के अंतर्गत एक टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर (TEC) की स्थापना को शीघ्र स्वीकृति प्रदान करने का आग्रह किया। यह प्रस्ताव राज्य सरकार द्वारा आवश्यक अवसंरचना उपलब्ध कराए जाने के बावजूद पिछले आठ महीनों से मंत्रालय में लंबित था।

इस अनुरोध को स्वीकार करते हुए, भारत सरकार के एमएसएमई मंत्रालय ने 18 दिसंबर, 2025 को प्रधान निदेशक श्री आदित्य प्रकाश शर्मा के माध्यम से एक आधिकारिक पत्र जारी किया, जिसमें जालंधर स्थित सरकारी चमड़ा एवं फुटवियर प्रौद्योगिकी संस्थान (GILFT) में स्वीकृत टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर की स्थापना हेतु समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर तथा लीज डीड के निष्पादन का आह्वान किया गया। यह स्वीकृति हब एवं स्पोक मॉडल के अंतर्गत प्रदान की गई है, जिसमें TEC को PPDC, मेरठ द्वारा मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा। समझौता ज्ञापन पर 5 जनवरी, 2026 को जालंधर में हस्ताक्षर किए जाने प्रस्तावित हैं।

पत्र के अनुसार, GILFT भवन के ग्राउंड, प्रथम एवं द्वितीय तल पर स्थित कुल 11,166 वर्ग फुट निर्मित क्षेत्र को इस केंद्र की स्थापना हेतु पहले ही चिन्हित किया जा चुका है। यह टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर उन्नत उत्पाद एवं प्रक्रिया विकास, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण, परीक्षण सुविधा, कौशल विकास तथा परामर्श एवं हैंडहोल्डिंग सहायता जैसी महत्वपूर्ण सेवाएं प्रदान करेगा, जिससे विशेष रूप से खेल सामग्री एवं संबंधित विनिर्माण इकाइयों को लाभ मिलेगा।

इस निर्णय का स्वागत करते हुए संजीव अरोड़ा ने केंद्रीय एमएसएमई मंत्री का समयोचित हस्तक्षेप के लिए आभार व्यक्त किया और कहा कि यह टेक्नोलॉजी एक्सटेंशन सेंटर पंजाब के खेल सामग्री उद्योग के लिए एक गेम-चेंजर सिद्ध होगा, जिससे प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ेगी, गुणवत्ता मानकों में सुधार होगा और निर्यात को नया प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि केंद्र के शीघ्र संचालन हेतु पंजाब सरकार हरसंभव सहयोग प्रदान करेगी।
यह पहल केंद्र–राज्य के मजबूत समन्वय को दर्शाती है, जिसका उद्देश्य एमएसएमई को सशक्त बनाना, नवाचार-आधारित विकास को बढ़ावा देना तथा पंजाब को प्रमुख विनिर्माण एवं निर्यात केंद्र के रूप में और अधिक सुदृढ़ करना है।

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