नमस्ते दोस्तों, स्वागत है हमारे चैनल MSTV India पर! हरियाणा की सियासत में एक बार फिर तूफान मचने वाला है! क्या कुलदीप बिश्नोई, हरियाणा के दिग्गज नेता, बीजेपी को अलविदा कहकर अपनी पुरानी पार्टी कांग्रेस में घर वापसी करने वाले हैं? ये खबर जंगल में आग की तरह फैल रही है, और आज हम इसकी पूरी तहकीकात करेंगे!
कुलदीप बिश्नोई का सियासी सफर
पहले तो थोड़ा बैकग्राउंड समझते हैं। कुलदीप बिश्नोई हरियाणा की सियासत का वो नाम है, जो किसी परिचय का मोहताज नहीं। पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय भजनलाल के बेटे, कुलदीप ने अपनी सियासी पारी की शुरुआत कांग्रेस से की थी। लेकिन 2011 में उन्होंने अपनी अलग पार्टी, हरियाणा जनहित कांग्रेस (हजकां) बनाई। फिर 2016 में हजकां का कांग्रेस में विलय हुआ, लेकिन 2022 में कुलदीप ने बड़ा दांव खेला और बीजेपी का दामन थाम लिया।लेकिन अब खबरें आ रही हैं कि बीजेपी में उनकी वो बात नहीं रही। हिसार लोकसभा सीट से टिकट न मिलना, बेटे भव्य बिश्नोई को मंत्री पद न देना, और हाल ही में राज्यसभा सीट पर उनकी दावेदारी को ठुकराना – ये सारे संकेत बता रहे हैं कि बीजेपी में कुलदीप की हैसियत कम हो रही है।
बीजेपी से नाराजगी के कारण
चलिए, अब बात करते हैं कि आखिर कुलदीप की बीजेपी से नाराजगी की वजह क्या हो सकती है?
- हिसार लोकसभा टिकट: कुलदीप बिश्नोई हिसार से मजबूत दावेदार थे, लेकिन बीजेपी ने उनकी जगह रणजीत चौटाला को टिकट दिया। ये कुलदीप के लिए बड़ा झटका था।
- बेटे भव्य की अनदेखी: कुलदीप के बेटे भव्य बिश्नोई, जो आदमपुर से विधायक थे, को बीजेपी ने ना तो मंत्री बनाया और ना ही कोई बड़ा रोल दिया।
- राज्यसभा में निराशा: हाल ही में राज्यसभा उपचुनाव में कुलदीप की दावेदारी थी, लेकिन बीजेपी ने उनकी जगह किरण चौधरी को चुना।
- सियासी हाशिए पर: कुछ X पोस्ट्स में दावा किया गया है कि बीजेपी ने कुलदीप को ‘यूज एंड थ्रो’ की तरह इस्तेमाल किया, खासकर 2022 के राज्यसभा चुनाव में।
तो दोस्तों, क्या ये सारी बातें कुलदीप को कांग्रेस की ओर धकेल रही हैं?”
“अब आप बताइए! क्या कुलदीप बिश्नोई को बीजेपी ने साइडलाइन कर दिया? या फिर ये सब कांग्रेस की ओर से फैलाई गई अफवाहें हैं? कमेंट बॉक्स में अपनी राय जरूर शेयर करें! और अगर आपको लगता है कि कुलदीप की घर वापसी हो सकती है, तो ये वीडियो अपने दोस्तों के साथ शेयर करें, क्योंकि आगे का सियासी ड्रामा और भी मजेदार होने वाला है!”
कांग्रेस में वापसी की संभावना
अब सवाल ये है – अगर कुलदीप कांग्रेस में वापस जाते हैं, तो क्या होगा?
- कांग्रेस को फायदा: कुलदीप का बिश्नोई समुदाय में मजबूत प्रभाव है। उनकी वापसी से कांग्रेस को हरियाणा में खासकर हिसार और आसपास की सीटों पर ताकत मिल सकती है।
- गुटबाजी का खतरा: लेकिन, हरियाणा कांग्रेस में पहले से ही भूपेंद्र सिंह हुड्डा और अन्य नेताओं के बीच गुटबाजी है। कुलदीप की वापसी क्या इस जंग को और भड़काएगी?
- भव्य का भविष्य: कुलदीप के बेटे भव्य बिश्नोई की सियासी पारी का क्या होगा? क्या वो भी पिता के साथ कांग्रेस में जाएंगे, या बीजेपी में रहकर अपनी राह बनाएंगे?
दोस्तों, ये सारी बातें सियासत के शतरंज के दांव हैं, और कुलदीप बिश्नोई इस बोर्ड पर एक अहम मोहरा हैं!”
“तो दोस्तों, क्या कुलदीप बिश्नोई सचमुच कांग्रेस में वापस जाएंगे, या ये सिर्फ सियासी हवा है? हरियाणा की सियासत में अगला ट्विस्ट क्या होगा? ये जानने के लिए हमारे चैनल के साथ बने रहें!
