Punjab Desk: दिल्ली के बहुचर्चित कथित शराब नीति मामले में अदालत का फैसला आने के बाद पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने जोरदार स्वागत किया है। दिल्ली की रोज एवेन्यू कोर्ट ने ‘आप’ सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया सहित सभी आरोपियों को भ्रष्टाचार के आरोपों से पूरी तरह बरी कर दिया है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान का संदेश: “सच की हमेशा जीत होती है”
अदालत के फैसले के तुरंत बाद मुख्यमंत्री मान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपनी प्रतिक्रिया साझा की। उन्होंने लिखा:
“सच की हमेशा जीत होती है। अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को माननीय अदालत द्वारा बरी किए जाने का फैसला सच्चाई को सबके सामने ले आया है। समय के साथ अन्य मामलों का सच भी सामने आ जाएगा। इंकलाब ज़िंदाबाद!”

अदालत का फैसला: CBI की जांच पर उठे सवाल
अदालत ने इस मामले में न केवल केजरीवाल और सिसोदिया, बल्कि कुल 23 आरोपियों को दोषमुक्त करार दिया है। कोर्ट ने अपने आदेश में महत्वपूर्ण टिप्पणियाँ कीं:
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साक्ष्यों का अभाव: जांच एजेंसी (CBI) द्वारा पेश की गई चार्जशीट में ठोस सबूतों की कमी पाई गई।
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जांच में खामियां: अदालत ने उल्लेख किया कि लगाए गए आरोपों को साबित करने के लिए पर्याप्त आधार मौजूद नहीं थे।
गरमाया राजनीतिक माहौल
इस फैसले के बाद आम आदमी पार्टी के खेमे में जश्न का माहौल है। पार्टी कार्यकर्ताओं ने इसे “न्याय की जीत” और “साजिश का अंत” बताया है। दूसरी ओर, विपक्षी दलों ने फिलहाल सधे हुए लहजे में प्रतिक्रिया दी है और कहा है कि वे अदालत के विस्तृत आदेश का अध्ययन करने के बाद ही कोई टिप्पणी करेंगे।

