चंडीगढ़: प्रतिबंधित आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) से जुड़े मामले में मोहाली की विशेष NIA अदालत ने चार आरोपितों को भगोड़ा घोषित किया है। इनमें तीन आरोपितों के संगठन से जुड़े होने का आरोप है। गिरफ्तारी वारंट जारी होने के बावजूद अदालत के समक्ष पेश नहीं होने पर यह कार्रवाई की गई।
अदालत ने जिन चार लोगों को भगोड़ा घोषित किया है, उनमें जसविंदर सिंह उर्फ बागी उर्फ मन्नू अगवान उर्फ जस्सा, करण सिंह उर्फ अभी, मलविंदर सिंह उर्फ सुख और गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी नवाशहरियां शामिल हैं। सभी को 16 नवंबर 2026 को अदालत में पेश होने का निर्देश दिया गया है।
UAPA समेत कई धाराओं में मामला दर्ज
NIA ने इस मामले में आतंकी साजिश, हथियारों और विस्फोटकों से जुड़े आरोपों की जांच के लिए 22 मई 2025 को केस दर्ज किया था। मामले में गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA), विस्फोटक पदार्थ अधिनियम, आर्म्स एक्ट और भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।
जांच का केंद्र BKI से जुड़े कथित नेटवर्क और उसकी गतिविधियां हैं। एजेंसियां इस नेटवर्क के संपर्कों और आपराधिक गतिविधियों से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही हैं।
जसविंदर सिंह को बताया गया सक्रिय सदस्य
पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के समक्ष पेश किए गए दस्तावेजों के मुताबिक, जसविंदर सिंह उर्फ बागी को BKI का सक्रिय सदस्य बताया गया है। उस पर आतंकी साजिश, लोगों में भय पैदा करने और देश-विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप हैं।
जांच में उसके कथित नेटवर्क के हथियारों की तस्करी, टारगेट किलिंग और जबरन वसूली जैसी गतिविधियों से संबंधों की भी जांच की गई है।
आतंकी और गैंगस्टर नेटवर्क के बीच कथित संबंधों की जांच
करण सिंह उर्फ अभी और मलविंदर सिंह उर्फ सुख के नाम भी इसी मामले की जांच में सामने आए हैं। दोनों पर जसविंदर सिंह और उसके सहयोगियों के साथ आपराधिक तथा कथित देश-विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप हैं।
सुरक्षा एजेंसियां पंजाब में आतंकी संगठनों और गैंगस्टर नेटवर्क के बीच संभावित संपर्कों की भी जांच कर रही हैं।
2016 की हत्या का भी न्यायिक रिकॉर्ड में उल्लेख
मामले से जुड़े न्यायिक रिकॉर्ड में फाजिल्का के गैंगस्टर से नेता बने जसविंदर सिंह रॉकी की हत्या का भी संदर्भ मिलता है। वर्ष 2016 में हिमाचल प्रदेश के परवाणू में रॉकी की हत्या कर दी गई थी। रिकॉर्ड में इस हत्या की जिम्मेदारी BKI द्वारा लिए जाने संबंधी जानकारी का उल्लेख किया गया है।
16 नवंबर को पेश होने का आदेश
मोहाली की विशेष NIA अदालत ने गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी नवाशहरियां को भी भगोड़ा घोषित किया है। वह शहीद भगत सिंह नगर जिले के गांव बिरोवाल का रहने वाला बताया गया है।
अदालत के मुताबिक, गिरफ्तारी वारंट जारी होने के बावजूद चारों आरोपितों का पता नहीं चल सका। अब उन्हें 16 नवंबर 2026 को अदालत में पेश होना होगा। तय समय पर पेश नहीं होने की स्थिति में उनके खिलाफ कानून के अनुसार आगे की कार्रवाई की जा सकती है।


