अंबाला: अंबाला छावनी रेलवे स्टेशन पर रेलवे पुलिस (GRP) और रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए एक फर्जी रेलवे विजिलेंस अधिकारी को गिरफ्तार किया है। आरोपी फर्जी पहचान पत्र (ID) और चालू हालत में वॉकी-टॉकी लेकर ट्रेनों में सफर करता था और टीटीई (TTE) समेत अन्य चेकिंग स्टाफ को विजिलेंस कार्रवाई का डर दिखाकर अवैध वसूली करता था।
पकड़े गए आरोपी की पहचान दिल्ली के वसंत विहार निवासी सुधीर कुमार के रूप में हुई है। यह कार्रवाई 28 जुलाई 2026 को गुप्त सूचना के आधार पर की गई।
छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस के कोच A-2 में जमा रहा था रौब
सीआईबी और आरपीएफ यूनिट अंबाला कैंट के सब-इंस्पेक्टर सुमित कुमार को गुप्त सूचना मिली थी कि ट्रेन संख्या 18238 (छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस) के ए-2 (A-2) कोच में एक व्यक्ति खुद को विजिलेंस अधिकारी बताकर यात्रियों और रेल कर्मियों पर रौब जमा रहा है।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने प्लेटफॉर्म नंबर 2/4 पर घेराबंदी की और ट्रेन के अंबाला कैंट स्टेशन पहुंचते ही संदिग्ध को हिरासत में ले लिया।
फर्जी ID और वॉकी-टॉकी बरामद
तलाशी के दौरान आरोपी के पास से ‘सुधीर कुमार, विजिलेंस रेलवे, दिल्ली’ के नाम से बना फर्जी पहचान पत्र बरामद हुआ। इसके अलावा उसके पास से मोटोरोला कंपनी का एक चालू वॉकी-टॉकी सेट भी मिला, जिसका इस्तेमाल वह स्टाफ पर प्रभाव जमाने के लिए करता था।
कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी ने कबूला कि वह रेलवे का कर्मचारी नहीं है और केवल वसूली करने के उद्देश्य से विजिलेंस जांच का डर दिखाता था।
भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत मामला दर्ज
जीआरपी अंबाला कैंट थाना पुलिस ने आरोपी सुधीर कुमार के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं (318(4), 319(2), 204, 336, 340 और 308) के तहत मुकदमा संख्या 141 दर्ज किया है।
मामले की आगे की जांच एएसआई बलदेव सिंह को सौंपी गई है। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि आरोपी कब से इस तरह की ठगी को अंजाम दे रहा था और क्या इस गिरोह में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल है।


