चंडीगढ़: पंजाब वासियों के लिए एक और राहत भरी खबर सामने आई है। राज्य की भगवंत मान सरकार ने जगराओं-नकोदर रोड पर स्थित टोल प्लाजा को बंद करने का निर्णय लिया है। यह फैसला टोल प्लाजा की निर्धारित समय सीमा से करीब डेढ़ साल पहले लागू किया गया है।
सरकार की ओर से इस संबंध में औपचारिक नोटिफिकेशन भी जारी कर दिया गया है। पहले यह टोल प्लाजा 15 मई 2027 तक संचालित होना तय था, लेकिन अब इसे तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दिया गया है। इस फैसले के बाद इस मार्ग पर चलने वाले वाहन चालकों को अब कोई टोल शुल्क नहीं देना पड़ेगा।
पंजाब सरकार ने जानकारी देते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी के सत्ता में आने के बाद पिछले साढ़े 3 वर्षों में 18 टोल प्लाजा पहले ही बंद किए जा चुके थे। जगराओं-नकोदर टोल इस शृंखला में 19वां टोल प्लाजा बन गया है, जिसे बंद किया गया है।
सरकार का कहना है कि इस कदम से न केवल आम लोगों को आवाजाही में राहत मिलेगी, बल्कि परिवहन लागत में भी कमी आएगी, जिससे मंहगाई पर भी अप्रत्यक्ष रूप से लगाम लगेगी।
राज्य सरकार के अनुसार, पहले ये टोल प्लाजा सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल पर चलाए जा रहे थे। अब इन टोल प्लाजा के बंद होने के बाद इन सड़कों की देखरेख और रखरखाव का जिम्मा सरकार खुद उठाएगी।
आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, जो पहले 18 टोल प्लाजा बंद किए गए थे, उनसे सरकार को हर साल लगभग 222 करोड़ रुपए का राजस्व प्राप्त होता था। सरकार का कहना है कि राजस्व से ज्यादा महत्वपूर्ण लोगों की सुविधा है और यह फैसला आम जनता को राहत देने, सुगम यातायात सुनिश्चित करने और राज्य में विकास को बढ़ावा देने की दिशा में एक और बड़ा कदम है।
