Sports Desk: बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में शनिवार, 28 मार्च को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) के बीच हुए मैच के दौरान कई दर्शकों को कड़वा अनुभव झेलना पड़ा। मैच के रोमांच के बीच कम से कम 25 प्रशंसकों के मोबाइल फोन चोरी होने की खबर सामने आई है। हालांकि, पुलिस का कहना है कि फोन स्टेडियम के अंदर चोरी हुए या बाहर, इसकी जांच की जा रही है।
पीड़ितों ने बयां किया दर्द, सुरक्षा पर उठाए सवाल
डिजिटल क्रिएटर ऋतु तिवारी ने इंस्टाग्राम पर अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि उनके पति का फोन P3 स्टैंड से गायब हो गया। ऋतु के अनुसार, उनके पति जब पहली पारी के बाद पानी लेने गए थे, तब उन्हें फोन गायब होने का पता चला। उन्होंने दावा किया कि अकेले उस स्टैंड से 50-60 फोन चोरी हुए हैं। उन्होंने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी नाराजगी जताते हुए कहा कि शुरुआत में पुलिस ने मामले में खास दिलचस्पी नहीं दिखाई, लेकिन बाद में शिकायत दर्ज की गई।
नाबालिग संदिग्ध हिरासत में, संगठित गिरोह की आशंका
पुलिस ने इस मामले में सात संदिग्धों की पहचान की है, जो फिलहाल नाबालिग बताए जा रहे हैं। ऋतु तिवारी ने अपने पोस्ट में दावा किया कि पुलिस ने करीब 10-12 बच्चों को पकड़ा है, जो जर्सी पहनकर और फ्री टिकट लेकर स्टेडियम में घुसे थे। उन्होंने अंदेशा जताया कि यह एक संगठित अपराध (Organized Crime) हो सकता है, क्योंकि इसी तरह की घटनाएं चेन्नई और वानखेड़े स्टेडियम में भी देखने को मिली हैं।
पुलिस का पक्ष: जांच जारी, आंकड़ों पर संशय
पश्चिम क्षेत्र के संयुक्त पुलिस आयुक्त सी वम्सी कृष्णा ने स्पष्ट किया कि सभी फोन स्टेडियम के अंदर ही खोए हैं, यह कहना अभी जल्दबाजी होगी। उन्होंने बताया कि कई लोगों ने स्टेडियम के बाहर भी फोन खोने की रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस हर ई-लॉस्ट रिपोर्ट पर एफआईआर दर्ज कर रही है और मामले की तह तक जाने की कोशिश कर रही है।
वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि हिरासत में लिए गए नाबालिग फिलहाल सुधार गृह में हैं और उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने ऋतु तिवारी द्वारा बताए गए चोरी के आंकड़ों को भी फिलहाल सटीक नहीं माना है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही साफ हो पाएगा कि इसके पीछे कोई बड़ा गिरोह काम कर रहा था या नहीं।