SPORTS DESK : भारतीय क्रिकेट के उभरते बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर एक बार फिर बहस तेज हो गई है। इस बार टीम चयन और युवा खिलाड़ी को दिए जा रहे लगातार मौकों पर पूर्व भारतीय चयनकर्ता ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने टीम प्रबंधन की रणनीति की आलोचना करते हुए मुख्य कोच गौतम गंभीर के फैसलों पर भी निशाना साधा। रिपोर्ट के अनुसार, पूर्व चयनकर्ता का मानना है कि युवा खिलाड़ियों को अवसर देना जरूरी है, लेकिन चयन प्रक्रिया में संतुलन और प्रदर्शन को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। उनका कहना है कि केवल संभावनाओं के आधार पर लगातार मौके देना उचित नहीं है, क्योंकि इससे घरेलू क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन करने वाले अन्य खिलाड़ियों के साथ न्याय नहीं हो पाता।
उन्होंने गौतम गंभीर की चयन संबंधी सोच पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि टीम प्रबंधन को फैसले लेते समय अनुभव और वर्तमान प्रदर्शन दोनों का ध्यान रखना चाहिए। उनके मुताबिक, किसी खिलाड़ी को जल्दबाजी में स्थापित करने के बजाय उसे धीरे-धीरे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के लिए तैयार करना अधिक बेहतर रणनीति होती है। हालांकि, कई क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि वैभव सूर्यवंशी भारतीय क्रिकेट के सबसे प्रतिभाशाली युवा बल्लेबाजों में से एक हैं। उनका तर्क है कि भविष्य की टीम तैयार करने के लिए ऐसे खिलाड़ियों पर भरोसा जताना जरूरी है, ताकि वे बड़े मंच का अनुभव हासिल कर सकें।
फिलहाल इस मुद्दे पर गौतम गंभीर, बीसीसीआई या वैभव सूर्यवंशी की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। लेकिन इस बयान के बाद सोशल मीडिया और क्रिकेट जगत में चयन नीति को लेकर नई बहस शुरू हो गई है। भारतीय टीम इन दिनों अपने भविष्य की मजबूत नींव तैयार करने पर काम कर रही है। ऐसे में युवा खिलाड़ियों को अवसर देने और अनुभवी खिलाड़ियों के बीच संतुलन बनाए रखने की चुनौती टीम प्रबंधन के सामने बनी हुई है।


