चंडीगढ़: चंडीगढ़ में कानून व्यवस्था को शर्मसार करने वाली एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहाँ एक हेड कॉन्स्टेबल पर तेजधार हथियार से जानलेवा हमला कर उनसे लाखों की लूटपाट की गई। हैरान करने वाली बात यह है कि इस संगीन वारदात का आरोप किसी और पर नहीं, बल्कि एक साथी पुलिसकर्मी के ही बेटे पर लगा है। हमले में गंभीर रूप से घायल कॉन्स्टेबल को सेक्टर-16 के अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी नाक पर गंभीर चोट आई है।
घटना सेक्टर-26 पुलिस लाइन में रहने वाले हेड कॉन्स्टेबल अरुण के साथ देर रात करीब साढ़े 11 बजे घटी। अपनी शिकायत में अरुण ने बताया कि वह बाइक में पेट्रोल भरवाने के लिए घर से निकले थे। जब वह टिंबर मार्केट के पास पहुंचे, तो अंधेरे का फायदा उठाकर एक युवक ने उन पर अचानक तेजधार हथियार से हमला कर दिया।
हमले के बाद वह बाइक से नीचे गिर पड़े। अरुण के मुताबिक, हमलावर ने उनके गले से सोने की चेन छीनी और जेब में रखे एक लाख रुपये नकद लूटकर मौके से फरार हो गया। किसी तरह उन्होंने पुलिस कंट्रोल रूम को घटना की सूचना दी।
घायल अरुण ने हमलावर की पहचान पुलिस लाइन में ही रहने वाले एक अन्य पुलिसकर्मी के बेटे के रूप में की है। पीड़ित का आरोप है कि आरोपी युवक नशे का आदी है और उसकी छवि इलाके में झगड़ालू की है। वह आए दिन लोगों से झगड़ा करता रहता है।
वहीं, इस पूरे मामले में सेक्टर-26 के थाना प्रभारी इंस्पेक्टर ज्ञान का बयान कहानी को एक नया और चौंकाने वाला मोड़ दे रहा है। उन्होंने इसे लूट की वारदात मानने से साफ इनकार करते हुए “पुरानी रंजिश” का मामला बताया है। थाना प्रभारी के अनुसार, हेड कॉन्स्टेबल द्वारा लगाए गए एक लाख रुपये लूटने और चेन छीनने के आरोप झूठे हैं।
इस विरोधाभासी बयान के बीच, पुलिस ने अब तक मामले में कोई FIR दर्ज नहीं की है और जांच जारी होने की बात कह रही है। एक तरफ जहां घायल कॉन्स्टेबल इसे लूट बता रहा है, वहीं अधिकारी इसे आपसी रंजिश बताकर मामले की गंभीरता को कम कर रहे हैं, जिससे पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
