लुधियाना: पंजाब के लुधियाना से दो नाबालिग लड़कियों के संदिग्ध परिस्थितियों में लापता होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। दोनों लड़कियां एक ही फैक्ट्री में काम करती थीं। परिजनों ने आरोप लगाया है कि दो युवक उनकी बेटियों को बहला-फुसला कर अपने साथ भगा ले गए हैं। पीड़ित परिवारों का यह भी आरोप है कि पुलिस इस मामले में ढिलाई बरत रही है, वहीं अब उन्हें शिकायत वापस लेने के लिए जान से मारने की धमकियां भी मिल रही हैं।
एक लापता लड़की के पिता ने बताया कि उसकी बेटी की उम्र 16 साल 8 महीने है। वह अपनी दो सहेलियों के साथ बहादुरके स्थित दुआ होजरी में ओवरलॉक का काम करती थी। तीनों लड़कियां 6 अक्टूबर को फैक्ट्री से बिना कुछ बताए अचानक लापता हो गईं। काफी तलाश के बाद भी उनका कुछ पता नहीं चला।
बाद में, एक सहेली के मोबाइल से उनकी बेटी का फोन आया कि वह कृष्णा मंदिर घूमने गई है। कुछ घंटों बाद वह सहेली तो घर लौट आई, लेकिन उनकी बेटी और एक अन्य सहेली वापस नहीं आईं। जब परिवार वालों ने वापस लौटी लड़की से सख्ती से पूछताछ की, तो उसने बताया कि दोनों लापता लड़कियां दो लड़कों के साथ सीतामढ़ी जाने वाली ट्रेन में बैठकर भाग गई हैं।
दोनों लापता लड़कियों के परिवार मूल रूप से उत्तर प्रदेश के उन्नाव के रहने वाले हैं। उनका कहना है कि वे थाना बस्ती जोधेवाल के कई चक्कर लगा चुके हैं, लेकिन पुलिस अब तक लड़कियों का कोई सुराग नहीं लगा पाई है और हर बार उन्हें सिर्फ आश्वासन देकर भेज दिया जाता है।
इसी बीच, दूसरी लापता लड़की के पिता ने बताया कि कुछ दिन पहले उनकी बेटी का फोन आया था। बेटी ने कहा, “आप थाने से शिकायत वापस ले लो, मैं घर आ जाऊंगी।” पीड़ित पिता के मुताबिक, “इतने में ही उसके साथ वाले युवक ने फोन छीनकर हमें धमकाया और कहा कि शिकायत वापस लो, अन्यथा बेटी को मार दूंगा।” परिवार को शक है कि उनकी बेटी को लुधियाना में ही कहीं छिपाकर रखा गया है।
इस मामले में थाना बस्ती जोधेवाल की पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 127 (6) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
