चंडीगढ़: पंजाब सरकार और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने राज्य से संगठित अपराध और गैंगस्टर नेटवर्क का सफाया करने के लिए एक ‘ऐतिहासिक और निर्णायक’ कदम उठाया है। सरकार ने एक नई ‘पुरस्कार नीति’ लागू की है, जिसके तहत वांछित अपराधियों और गैंगस्टरों के बारे में सटीक जानकारी देने वाले नागरिकों को नकद इनाम दिया जाएगा।
इनाम और अधिकारियों की शक्तियां
‘गैंगस्टरों ते वार’ प्रोजेक्ट के तहत, विश्वसनीय सूचना देने वालों को पुरस्कृत करने के लिए पुलिस अधिकारियों को विशेष वित्तीय शक्तियां दी गई हैं:
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SSP: 1 लाख रुपये तक का इनाम स्वीकृत कर सकते हैं।
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पुलिस कमिश्नर/रेंज IG/DIG: 1.5 लाख रुपये तक।
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विभिन्न विंग्स के प्रमुख (Special DGP/ADGP): 2 लाख रुपये तक।
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DGP: 2 लाख रुपये से अधिक की राशि।
पहचान रहेगी पूरी तरह गोपनीय
सरकार ने स्पष्ट किया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की सुरक्षा सर्वोपरि है। उनकी पहचान पूरी तरह से गुप्त रखी जाएगी और जानकारी की पहले गहन जांच की जाएगी। लोग एंटी-गैंगस्टर हेल्पलाइन नंबर ‘93946-93946’ पर कॉल या मैसेज कर सकते हैं।
‘ऑपरेशन प्रहार’ के आंकड़े बताते हैं सख्ती
पुलिस की कार्रवाई का असर आंकड़ों में साफ दिख रहा है। ‘ऑपरेशन प्रहार’ और ‘गैंगस्टरों पर वार’ अभियान के तहत अब तक:
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राज्यभर में 56,487 स्थानों पर छापेमारी की गई।
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कुल 19,894 गिरफ्तारियां दर्ज की गई हैं।
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851 घोषित अपराधियों (PO) को सलाखों के पीछे भेजा गया।
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9,353 व्यक्तियों के खिलाफ निवारक कार्रवाई की गई है।
नागरिकों से सहयोग की अपील
मुख्यमंत्री मान ने पंजाब के नागरिकों से अपील की है कि वे बेझिझक होकर आगे आएं और राज्य को अपराध मुक्त बनाने में पुलिस का साथ दें। सरकार का लक्ष्य है कि आम जनता की सक्रिय भागीदारी से गैंगस्टरों के उस नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त किया जाए, जो राज्य की शांति के लिए खतरा बना हुआ है। यह योजना न केवल सूचना देने वालों को पुरस्कृत करेगी, बल्कि अपराधियों के मन में पुलिस और जनता के गठजोड़ का डर भी पैदा करेगी।